इंदौर में कार्यक्रम तक जाने वाली सड़कें लोगों से भरी थीं और एयरपोर्ट से कार्यक्रम स्थल तक के रास्ते पर बैनर और पोस्टर लगे थे. लाउडस्पीकर पर गांधी को ‘युवाओं का मसीहा’ बताया जा रहा था.
स्वैच्छिक बदलाव से सभी कंपनियों के लिए बराबर की प्रतिस्पर्धा की स्थिति नहीं बन पाई थी. फूड पैकेट पर चेतावनी वाले लेबल अब एक समान व्यवस्था उपलब्ध करा सकते हैं.
राजस्थान में शिवानी चौहान की बाइक में जान-बूझकर अपनी कार टक्कर मारने के आरोप में कल्याण बैंसला की गिरफ्तारी के बाद, सोशल मीडिया पर गुर्जरों को ट्रोलिंग और हमलों का सामना करना पड़ा है.
भारत खुद के बनाए जाल में फंस गया है. भले ही BJP को लोगों की असुरक्षा की भावना का फ़ायदा उठाना सुविधाजनक लगे, लेकिन इससे पाकिस्तान और बांग्लादेश को बढ़त मिल जाती है.